देश का सबसे अमीर आदमी तीन साल पहले एक कार हादसे में अपनी याददाश्त खो बैठता है और पहाड़ों के एक छोटे से शहर में मामूली भिखारी बन जाता है। अपनी याददाश्त वापस आने के बाद, वह अपनी पत्नी और बेटी की तलाश शुरू करता है। उसे पता चलता है कि उसकी पत्नी ने समाज सेवा और बच्चों को पढ़ाने के बहाने उनकी इकलौती बेटी को एक बेहद पिछड़े पहाड़ी गाँव में भेज दिया था, जिसके बाद से उस बच्ची का कोई सुराग नहीं मिला। यह सच जानते ही वह तुरंत अपनी पूरी टीम को लेकर उस गहरे पहाड़ी इलाके में अपनी बेटी को ढूंढने निकल पड़ता है।